गर्माया हुआ है गहलोत सरकार में हिन्दू परिवारों के पलायन का मामला, विपक्षी दल ने बनाई, रणनीति अब आई ये बड़ी खबर

गर्माया हुआ है हिन्दु परिवारों के पलायन का मामला, एक्शन मोड पर भाजपा, तीन सदस्यीय दल आज पहुंचेगा मालपुरा, विभिन्न पक्षों से बातचीत कर तैयार होगी ग्राउंड रिपोर्ट, विधानसभा में भी गूँज सकता है पलायन का मुद्दा, विपक्ष के निशाने पर सरकार

जयपुर। टोंक जिले के मालपुरा कस्बे में हिन्दू परिवारों के पलायन का मामला गर्माया हुआ है। इस बीच प्रमुख विपक्षी दल भाजपा ने इस मसले को पुरज़ोर तरीके से उठाकर सरकार को घेरने की रणनीति पर काम करना शुरू कर दिया है। सूत्रों के अनुसार मालपुरा के ताज़ा मामले के साथ ही प्रदेश भर में हिन्दू परिवारों के पलायन का मुद्दा भाजपा विधानसभा में भी उठा सकती है। सूत्रों के अनुसार भाजपा विधायक दल की गुरुवार को हुई बैठक में जहां प्रदेश में बिगड़ी क़ानून व्यवस्था, बढ़ती बेरोज़गारी, बिजली कुप्रबंधन और अवैध खनन जैसे मुद्दों को ज़ोर-शोर से सदन में उठाने की रणनीति बनी है, वहीँ अब हिन्दू परिवारों के पलायन का मुद्दा भी इन मुद्दों में शामिल हो सकता है। दरअसल, इस बात का अंदाज़ा इस बात से भी लगाया जा सकत है कि विधानसभा सत्र के बीच मालपुरा से सामने आये इस मामले के फ़ौरन बाद भाजपा प्रदेश नेतृत्व हरकत में आ गई और हिन्दू परिवारों के पलायन की ग्राउंड रिपोर्ट और फैक्ट फाइंडिंग करने के लिए वरिष्ठ नेताओं की टीम का गठन कर दिया।

तीन सदस्यीय टीम आज मालपुरा

भाजपा प्रदेशाध्यक्ष डॉ सतीश पूनिया के निर्देशानुसार टोंक के मालपुरा में हिन्दू परिवारों के पलायन के मामले की छानबीन के लिए तीन सदस्यीय कमिटी का गठन किया है। ये कमिटी आज दोपहर बाद मालपुरा पहुंचकर तथ्यात्मक पहलुओं को खंगालने का काम करेगी। इस दौरान टीम के सदस्य वहां पहुंचकर प्रभावित परिवारों से मुलाक़ात करेंगे। साथ ही पुलिस और प्रशासन के अधिकारियों से भी संवाद किये जाने की संभावना है।

ये वरिष्ठ नेता हैं तीन सदस्यीय दल में शामिल

प्रदेश भाजपा की ओर से बनाई गई तीन सदस्यीय कमिटी में सीकर सांसद सुमेधानंद सरस्वती, सोजत विधायक शोभा चौहान और पूर्व विधायक बनवारी लाल सिंघल शामिल हैं। वहीं कमेटी सदस्यों के साथ मालपुरा विधायक कन्हैया लाल चौधरी और जिलाध्यक्ष राजेंद्र पराणा भी साथ रहेंगे। इस कमेटी को मालपुरा में मौका स्थिति के अनुसार एक रिपोर्ट बनाकर प्रदेश नेतृत्व को सौंपने के निर्देश दिए गए हैं।

ये है मामला

दरअसल, टोंक का मालपुरा कस्बा वर्ष 1992 में हुए सांप्रदायिक दंगों के बाद से ही संवेदनशील इलाकों में गिना जाता रहा है। यहां बहुसंख्यक और अल्पसंख्यक समुदायों के बीच पिछले तीन दशक में कई बार दंगे भी हो चुके हैं। यही कारण है कि लोग भविष्य में ऐसी परिस्थितयों से आशंकित रहते हैं। ताजा मामला जैन समाज और मुस्लिम समाज के इलाकों के बीच एक मकान से हिंदू परिवार के पलायन से जुड़ा है।

यहां रह रहे बहुसंख्यक समाज के लोगों का कहना है कि इस क्षेत्र में अब हिन्दू परिवारों में असुरक्षा का डर बढ़ता जा रहा है। यही कारण है कि परिवार पलायन की राह पर हैं। यहां वार्ड 12 और 21 के बहुसंख्यक परिवारों ने तो अपने घरों के बाहर बाकायदा पोस्टर टांगकर अल्पसंख्यक परिवारों से खतरा बताया है। परिवारों ने पलायन के लिये मजबूर होना बताते हुए प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री तक से सुरक्षा की गुहार लगाई है।

”हिन्दू परिवारों के पलायन का मसला सिर्फ मालपुरा में ही नहीं है। प्रदेश में ऐसे कई क्षेत्र हैं जहां परिवार इस तरह के खतरे की आशंका जताते रहे हैं। विधानसभा सत्र के दौरान इस तरह का गंभीर मसला सामने आया है। पार्टी का विधायक दल सदन के नियम-प्रक्रिया के अनुसार इस मुद्दे को ज़रूर उठाएगा। इस मुद्दे को पर्ची या ध्यानाक्रषण प्रस्ताव के ज़रिये उठाया जाएगा।”
– रामलाल शर्मा, भाजपा विधायक

Date:

Share post:

Subscribe

spot_imgspot_img

Popular

More like this
Related

Jagruk Janta Hindi News Paper 17 June 2026

Jagruk Janta 17 June 2026Download रिएक्ट करें♥️   जागरूक जनता व्हाट्सएप चैनल...

डॉ मुकुल शर्मा के सान्निध्य में मनाएँगे 12वां अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस

जयपुर। मुरलीपुरा स्कीम स्थित संत बाबा मेहरदास मंदिर में...